Sunday, December 5, 2021

पिता जूता पॉलिश करते थे और माँ गुबारे बेचती थीं, बेटा अपनी अद्भुत प्रतिभा से बन गया इंडियन आइडल

हमारे अंदर अगर कुछ नया सीखने या करने का लगन हो तो हम उस कार्य को किसी भी हालत में पूरा कर सकते हैं। हमारे माता-पिता का सहयोग मिल जाये तो यह तो “सोने पर सुहागा” होगा। आज हम आपको एक ऐसे ही लड़के से रूबरू करायेंगे जो अपनी लगन और सुरीली आवाज़ से Indian Idol के मंच पर सबको मोहित कर चुके हैं। यह आज सिलिब्रेटी सिंगर है।

एक ऎसा लड़का जो हवाई चप्पल के साथ पुराने कपड़े पहने इडियन आइडल के शो में अपनी मां की दुआ और अपनी मेहनत से सेलिब्रिटी बना। यह लड़का 2019 के शो में पार्टिसिपेट किया और पूरे देश को अपनी आवाज़ का दीवाना बना दिया। आश्चर्यजनक बात तो यह है कि इस लड़के ने किसी भी म्युज़िक क्लास में ट्रेनिंग लिए बिना इस शो का हिस्सा बना और इतना ही नहीं बल्कि इसका विजेता भी बना।

हम जिसके बारे में बात कर रहें हैं उस लड़के का नाम है, ‘सन्नी हिंदुस्तानी’

पंजाब (Panjab) के निवासी सन्नी (Sunny) के जीत के बारे में तो हर कोई जानता हैं। लेकिन उन्होंने कितनी कठिन परिश्रम कर यह सफलता हासिल की इसे कोई नहीं जानता। यह लड़का लोगों के जूतों को पॉलिश कर अपना गुजारा करता था। बहुत ही बुरी हालातों सर गुजर कर सन्नी ने इस मुकाम को हासिल किया है। कहतें हैं कि अगर कुछ करने की ठानो तो उसे पूरा भी किया जा सकता है। सरस्वती किसी मे गले मे भी वास कर सकती हैं, यह विद्या की देवी हैं। ऐसा ही हुआ सन्नी के साथ भी।

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पिता का हुआ निधन तो मां गुब्बारे को बेच गुज़ारा करने लगी

जब सन्नी अपनी किशोरावस्था में आए तो उनके पिता का इंतकाल हो गया। यह समय बहुत ही दुखदाई था। पिता की मृत्यु के बाद इनके घर की जिम्मेवारी मां के ऊपर आ गई। सन्नी ने भी अपनी पढ़ाई छोड़ दी। वह अभी 6 क्लास में थे। इनकी मां ने गुब्बारा बेचना शुरू किया ताकि वह दो वक्त की रोटी खा सकें। अपनी मां की मदद के लिए सन्नी भी घूमकर लोगों के जूते पॉलिश किया करते थे। इनती मेहनत के बाद भी ऐसे बहुत से दिन थे जिस दिन इनके घर खाना नहीं बन पाता था। जब ऐसा समय आता तो उनकी मां को लोगो के घर से कुछ खाना मांगकर व्यवस्था करनी पड़ती थी। सन्नी को यह बिल्कुल भी अच्छा नही लगता था कि उनकी मां किसी से कुछ भी मांगे। उन्होंने ठाना कि मैं अपनी मां को हर खुशी दूंगा जो उन्हें चाहिए।

बचपन से ही था गाने का शौक़

अपनी जिम्मेदारियों के बोझ तले दबे हुये सन्नी को गीत गाना बहुत ही पसन्द था। इनके पिता भी मेलों में गीत गाया करते थे। सन्नी अपना काम भी करते और गीत भी हमेशा गुनगुनाते रहते थे। इनके गीत की लोग बहुत ही प्रशंसा किया करते थे। लोगों की बातें सुन सन्नी अपना कार्य भी करते और रियाज भी करते। वह यूट्यूब की मदद से गाने को सीखने लगे। अक्सर यह नुसरत फतेह अली के गाने सुना करते थे। जब यह इंडियन आईडल में गये तो इन्होंने अपने ऑडिशन राउंड में गाने के वक्त ही सबको अपना दीवाना बना दिया। जजेस भी इन्हें ख़ूब पसन्द करने लगे। सीखने की बात हो तो इन्होंने गाना यहीं पर सीखा।

इंडियन आइडल का खिताब किया अपने नाम

ऐसे ही अपनी मेहनत से यह ग्रांड फिनाले में अपनी जगह बना लिए। फिर इंडियन आइडल सीजन 11 का खिताब अपने नाम कियेंइन्हें विजेता के तौर पर 25 लाख का चेक मिला। आखिरकार एक शु पॉलिश करने वाले लड़के ने अपने हुनर का ऐसा जादू बिखेरा कि सबको दीवाना बना दिया। इसने ऐसा ख़िताब अपने नाम किया जो संगीत की देवी से जुड़ा है। आगे इन्होंने एक फ़िल्म “पंगा” जो कंगना रनौत की है उसमें “जुगनू” सॉन्ग को भी अपनी अवाज़ दी। इस गीत के मुख्य गायकर शंकर महादेवन है।

अपनी संगीत से सबके दिलों पर राज कर इंडियन आइडल का विजेता बनने के लिए The Logically सन्नी को बधाई देता है और उम्मीद करता है कि वह भविष्य में भी अपनी गीतों से लोगों को अपना फैन बनाएंगे।