Wednesday, December 2, 2020

निम्बू की खेती से कृषि को दिए नया आयाम, 1-2 लाख की लागत से अभिषेक 5-6 लाख रुपये कमाते हैं

हमारे देश में विभिन्न किस्म की खेती की जाती है। कई लोग केवल फल की खेती करते हैं तो कई अन्न उपजाने का काम करते हैं। कई फूलों के बगीचे लगाकर अच्छी कमाई कर रहे हैं तो कई लोगों के जीविका का साधन मत्स्य या गौ पालन भी है। एक ऐसे ही किसान है अभिषेक जैन जो नींबू की खेती और अचार के बिजनेस से लाखों की कमाई कर रहे हैं।

अभिषेक जैन का परिचय

अभिषेक जैन (Abhisek Jain) राजस्थान (Rajasthan) के भीलवाड़ा (Bhilwara) जिले के रहने वाले हैं। वह अपने गांव संग्रामगढ़ में अपने पुश्तैनी जमीन पर 2007 से ऑर्गेनिक नींबू और अमरूद की खेती कर रहे है। अभिषेक के अनुसार नींबू मानो उनका जीवन बदल दिया है। 1.75 एकड़ जमीन में लगाए नींबू से उनकी औसत आय 6 लाख रुपए है, जिसमें लागत खर्च लगभग 1-1.5 लाख रूपये है।

अभिषेक जैन (Abhisek Jain) का जीवन संघर्ष भरा रहा है। उनकी इच्छा किसान बनने की नहीं थी। वे अजमेर से अपनी बीकॉम की पढ़ाई पूरी कर मार्बल का बिजनेस शुरू किए। तभी अचानक उनके पिता का निधन हो गया। पिता के आकस्मिक निधन के कारण उन्हें खेती के तरफ रुख मोड़ना पड़ा।

अभिषेक खेती की शुरुआत किए और खेत में नींबू और अमरूद के पौधें लगाए। पहले यह काम थोड़ा मुश्किल लगा लेकिन आगे उन्हें भी प्रकृति से काफी लगाव हो गया। यह काम उन्हें प्रकृति से जोड़े रखता है। अभिषेक खेती करने के लिए हानिकारक रसायनों का उपयोग नहीं करते हैं। वह खुद से बनाए प्राकृतिक खाद का इस्तेमाल करते हैं। जैविक खेती करने की वजह से उनकी साल में लगभग 2-3 लाख रुपये की बचत होती है, जो पहले बाजार से उर्वरक खरीदने में खर्च होते थे। जैविक खेती के अनेकों फायदे हैं। इससे मिट्टी की गुणवत्ता में भी काफी सुधार हुआ है। वह पूरी लगन से नींबू और अमरूद की खेती करते हैं। आगे इसे और भी बढ़ाने कि कोशिश कर रहे हैं। साथ ही वे नींबू का अचार भी बनाते हैं।

अभिषेक के घर में हमेशा ही नींबू का अचार बनता था। घरवालों से सीख कर वह भी अचार बनाने लगे। खुद से बनाए अचार को एक बार उन्होंने अपने मेहमानों को पड़ोसा जो उन्हें काफी पसंद आया। धीरे-धीरे अभिषेक का अचार काफी लोगों को पसंद आने लगा और लोग उनसे आचार का डिमांड भी करने लगे। शुरू में वह लगभग 50 किलोग्राम अचार बनकर मुफ्त में लोगों में बांट दिए। 2016 में उन्होंने व्यवसाय के मकसद से अचार बनाया और तब से प्रति वर्ष 500-700 किलोग्राम तक अचार बेच लेते है। पैकिंग और शिपिंग के अलावा मामूली खर्च के साथ 900 ग्राम की बोतल की कीमत 200 रूपये है।

नींबू के अनेकों फायदे है। यह पूरे साल उपलब्ध रहता है और हर समय इसकी ज़रूरत भी पड़ती है। इसके उपयोग से खाने का स्वाद भी बढ़ जाता है और यह सेहत के लिए भी बेहद फायदेमंद होता है। अभिषेक के अनुसार नींबू की खेती मानसून की पहली बारिश के बाद करनी चाहिए। पौधे लगाने के लगभग 3 साल बाद वे अच्छे फल देने लगते है। इस काम में अभिषेक लोगों को रोजगार भी देते है जैसे फल तोड़ने के लिए श्रमिकों की आवश्कता पड़ती है। हालांकि अचार बनाने का काम उनकी मां और पत्नी ही संभाल लेती है।

अभिषेक जैन लोगों को जैविक खेती करने के लिए प्रोत्साहित भी करते है। जिनके पास ज़मीन नहीं है या जो लोग शहरों में बसे हुए हैं, उन्हें छत पर खेती करने की सलाह देते है। कुछ इच्छुक किसानों के साथ मिलकर अभिषेक “टीम सेमकिट” नाम का एक समूह बनाए हैं, जिसमें किसान, कृषि विशेषज्ञ, पीएचडी के छात्र भी शामिल हैं। ये खेती से संबंधित सभी विषयों के बारे में वॉट्सएप के जरिए जानकारी देते हैं। यह टीम अबतक 18 ग्रुप को ट्रेनिंग दे चुका है।

यदि आप अभिषेक जैन से संपर्क कर जैविक खेती के बारे में जानकारी प्राप्त करना चाहते है या आचार का ऑर्डर करना चाहते हैं तो दिए गए नंबर 09982798700 पर संपर्क कर सकते हैं।

The Logically, Abhishek Jain द्वारा किए गए कार्यों की प्रशंसा करता है।

Anita Chaudhary
Anita is an academic excellence in the field of education , She loves working on community issues and at the same times , she is trying to explore positivity of the world.

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