Wednesday, September 28, 2022

भारत का अंतरिक्ष में अब और भी बढ़ेगा दबदबा, 19 सैटेलाइट लेकर PSLV-C51 ने भरी उड़ान

भारत के वैज्ञानिकों ने अंतरिक्ष के क्षेत्र में बड़े प्रबलता और कुशलता से काम करते हुए आर्थिक और मुकाम हासिल कर लिया है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन द्वारा आज PSLV C-51 को सफलतापूर्वक लॉन्च किया गया है। C-51, PSLV का 53 वां मिशन है।

PSLV C-51 इस बार 19 सेटेलाइट लेकर उङान भरी है। यह अपने साथ अमजोनिया-1 सैटेलाइट को अपने साथ लेकर गया है। आपको यह बताते चलें कि अमजोनिया-1 सैटेलाइट पहला सेटेलाइट है जो पृथ्वी की निगरानी करेगा। यह ब्राजील द्वारा निर्मित है और लॉन्चिंग के बाद इसकी देखरेख चीन और ब्राजील के रिसोर्सेज सैटेलाइट प्रोग्राम करेंगे। इस मिशन की अवधि 3 साल 3 महीने है।

Isro launched PSLV C51 satellite

इस उपग्रह के लॉन्चिंग के बाद यह कहा जा रहा है कि इस उपग्रह के माध्यम से अमेजन के जंगलों पर नजर रखी जा सकेगी जिससे वहां लगी आग के बाद से इस उपग्रह की भूमिका अहम साबित होगी। इसके अलावा ब्राजील के द्वारा भेजे गए उपग्रहों की मदद से वनस्पति और कृषि क्षेत्रों में भी मदद मिलने की उम्मीद है।

Isro launched PSLV C51 satellite

लॉन्च किए गए सेटेलाइटों में से एक सेटेलाइट सतीश धवन सेटेलाइट है जिसे स्पेस किड्स इंडिया ने बनाया है। इस सेटेलाइट पर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का नाम और फोटो दोनों अंकित है। स्पेस किड्स इंडिया के सीईओ श्रीमती केसन ने बताया कि हमें बहुत खुशी है कि इस तरह के स्टार्टअप को मौका दिया जा रहा है हमने अंतरिक्ष में भेजने के लिए कई नाम मंगवाए थे इसके बाद 25000 लोगों ने अपने नाम हमें सौंपे जिसे सेटेलाइट के साथ भेज दिया गया है। प्रधानमंत्री मोदी जी का नाम और फोटो पैनल के सबसे ऊपरी हिस्से पर है। PSLV C-51 के साथ श्रीमद्भागवत गीता की इलेक्ट्रॉनिक प्रति भी भेजी गई है।

Isro launched PSLV C51 satellite

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र अंतरिक्ष के क्षेत्र में नित नई ऊंचाइयों को गढ़ रहा है उसी क्रम में उसने PSLV C-51 को लांच किया। इस बार या लॉन्चिंग कई मायनों में खास रही जिसके अंतर्गत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की फोटो और नाम, श्रीमद्भागवत गीता की इलेक्ट्रॉनिक प्रति के साथ लगभग 25000 नामों को अंतरिक्ष में भेजा गया है। इसरो द्वारा इस सफल लॉन्चिंग पर इसरो के सभी सदस्यों को बहुत-बहुत बधाईयां।